शाहगंज। नगर से सटे सुरिस, महमदपुर गांव की आठ वर्षीय बच्ची सानिया की हालत गंभीर होने पर परिजनों के सामने इलाज जारी रखना चुनौती बन गया था। परिवार के अनुसार बच्ची के प्लेटलेट्स करीब 7 हजार तक पहुंच गए थे और पीलिया भी बढ़ता जा रहा था। उसे खून की उल्टी और दस्त की शिकायत भी थी।
बच्ची के माता-पिता सिराज अहमद और सायमा ने बताया कि गंभीर स्थिति में वे उसे कई बड़े अस्पतालों में लेकर गए, लेकिन उपचार को लेकर उन्हें निराशा हाथ लगी। परिवार की आर्थिक स्थिति कमजोर होने के कारण इलाज जारी रखना भी मुश्किल हो रहा था।
परिजनों के मुताबिक इसके बाद बच्ची को विद्या चाइल्ड हॉस्पिटल में भर्ती कराया गया। यहां डॉ. देवी प्रसाद पुष्प जीवी के नेतृत्व में उसका उपचार शुरू हुआ। बच्ची करीब 26 दिनों तक अस्पताल में भर्ती रही।
परिजनों का कहना है कि उपचार के दौरान उसकी हालत में लगातार सुधार हुआ। अब बच्ची अपने पैरों पर चलने लगी है और स्वस्थ होकर घर लौट गई है।
डॉ. पुष्प जीवी ने बताया कि बच्ची की स्थिति बेहद नाजुक थी और परिवार की आर्थिक स्थिति भी कमजोर थी। इसके बावजूद मानवीय संवेदनाओं को ध्यान में रखते हुए उपचार जारी रखा गया।
बच्ची के स्वस्थ होकर चलने पर परिजनों ने राहत की सांस ली। उन्होंने उपचार में सहयोग के लिए अस्पताल के चिकित्सकों और स्टाफ के प्रति आभार जताया।


