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स्कूल बसों की सुरक्षा पर सख्ती, जौनपुर में 68 वाहनों की फिटनेस फेल मिलने से हड़कंप

जौनपुर। जिलाधिकारी सैमुअल पॉल एन. की अध्यक्षता में मंगलवार को कलेक्ट्रेट सभागार में जिला विद्यालय यान परिवहन सुरक्षा समिति की बैठक हुई। बैठक में स्कूली वाहनों की फिटनेस और सुरक्षा व्यवस्था की समीक्षा की गई। जिलाधिकारी ने स्पष्ट किया कि बच्चों की सुरक्षा से किसी भी स्तर पर समझौता नहीं किया जाएगा। नियमों का पालन नहीं करने वाले विद्यालयों और मानकों पर खरे नहीं उतरने वाले स्कूली वाहनों के खिलाफ नियमानुसार कड़ी कार्रवाई की जाएगी।

68 स्कूली वाहनों की फिटनेस फेल

बैठक में शासन के स्कूल वाहन निगरानी पोर्टल पर दर्ज वाहनों के दस्तावेज और उनकी स्थिति की समीक्षा की गई। पोर्टल के अनुसार जिले में 68 स्कूली वाहनों की फिटनेस फेल पाई गई है। जिलाधिकारी ने विद्यालय प्रबंधकों और प्रधानाचार्यों को ऐसे वाहनों की फिटनेस तत्काल दुरुस्त कराने के निर्देश दिए।

जिलाधिकारी ने सहायक संभागीय परिवहन अधिकारी को निर्देशित किया कि जिन विद्यालयों के वाहनों के परमिट, फिटनेस अथवा अन्य आवश्यक दस्तावेज दुरुस्त नहीं हैं, वहां नोटिस चस्पा कराए जाएं। इसके बाद भी दस्तावेज दुरुस्त नहीं पाए जाने पर संबंधित विद्यालय के खिलाफ कार्रवाई की जाए।

चालकों का चरित्र सत्यापन और स्वास्थ्य परीक्षण अनिवार्य

जिलाधिकारी ने सभी विद्यालयों में संचालित वाहनों के चालकों का चरित्र सत्यापन और स्वास्थ्य परीक्षण अनिवार्य रूप से कराने के निर्देश दिए। इसके लिए थानावार आवश्यक कार्रवाई सुनिश्चित करने को कहा गया।

उन्होंने विद्यालयों में लगे सीसीटीवी कैमरों को क्रियाशील रखने और विद्यार्थियों को गुड टच-बैड टच के प्रति जागरूक करने के निर्देश भी दिए।

स्कूल बसों में सुरक्षा मानकों का पालन जरूरी

जिलाधिकारी ने निर्देश दिया कि सभी स्कूली वाहन निर्धारित गति सीमा में ही चलें और चालक वाहन संचालन के दौरान मोबाइल फोन का प्रयोग न करें। स्कूली बसों का रंग निर्धारित मानकों के अनुसार पीला हो तथा आगे और पीछे ‘विद्यालय बस’ एवं विद्यालय का नाम स्पष्ट रूप से अंकित हो।

प्रत्येक बस में स्पीड लिमिट डिवाइस, फर्स्ट एड बॉक्स और अग्निशमन यंत्र अनिवार्य रूप से उपलब्ध रखने के निर्देश दिए गए।

विद्यालय स्तर पर विद्यालय यान परिवहन सुरक्षा समिति की बैठक आयोजित करने, चालकों का चरित्र सत्यापन एवं स्वास्थ्य परीक्षण कराने और इसकी प्रगति रिपोर्ट जिला विद्यालय निरीक्षक अथवा जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी को उपलब्ध कराने को कहा गया।

विद्यालय सुरक्षा समिति की बैठक की कार्यवृत्ति पोर्टल पर अपलोड कराने के निर्देश भी दिए गए।