निचले इलाकों और खेतों में पानी पहुंचने की आशंका, मवेशियों को सुरक्षित रखने की तैयारी
जौनपुर। गोमती नदी के जलस्तर में लगातार बढ़ोतरी से तटीय इलाकों में रहने वाले ग्रामीणों की चिंता बढ़ गई है। पानी बढ़ने से निचले क्षेत्रों और खेतों में जलभराव की आशंका जताई जा रही है। ग्रामीण नदी के जलस्तर पर नजर रख रहे हैं और स्थिति बिगड़ने की आशंका में मवेशियों व जरूरी सामान को सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाने की तैयारी कर रहे हैं।
शहर के शाही पुल क्षेत्र से लेकर नदी किनारे बसे ग्रामीण इलाकों तक पानी बढ़ने को लेकर लोगों में चिंता है। ग्रामीणों का कहना है कि जलस्तर में वृद्धि जारी रही तो निचले खेतों में पानी पहुंच सकता है। इससे खरीफ की फसलों को नुकसान की आशंका है। नदी किनारे और कटान प्रभावित क्षेत्रों में रहने वाले परिवारों को पानी बढ़ने के साथ कटान की चिंता भी सता रही है।
ग्रामीणों ने प्रशासन से तटीय क्षेत्रों में निगरानी बढ़ाने और संभावित बाढ़ की स्थिति से निपटने के लिए पहले से आवश्यक इंतजाम करने की मांग की है। संवेदनशील गांवों में नाव, राहत व्यवस्था और सुरक्षित स्थानों की पहचान पहले से करने की मांग की गई है।
ग्रामीणों ने जलस्तर की नियमित जानकारी उपलब्ध कराने की भी मांग की है, ताकि लोग समय रहते सुरक्षा संबंधी निर्णय ले सकें। फिलहाल बढ़ते जलस्तर को लेकर तटीय क्षेत्रों में सतर्कता बढ़ गई है। प्रशासन की ओर से जलस्तर और राहत तैयारियों संबंधी आधिकारिक जानकारी मिलने के बाद स्थिति का स्पष्ट आकलन हो सकेगा।


