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आर्थिक सुरक्षा और घरेलू आजीविका के बीच संतुलन की आवश्यकता

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की सोना खरीद सीमित करने की अपील ने देश में आर्थिक सुरक्षा और घरेलू आजीविका के बीच संतुलन की बहस को तेज कर दिया है। यह संपादकीय सर्राफा बाजार, विदेशी मुद्रा भंडार, गोल्ड रीसाइक्लिंग मॉडल और लाखों कारीगरों के रोजगार पर इसके प्रभाव का विस्तृत विश्लेषण प्रस्तुत करता है।
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Jaunpur News : हुसैन ने करबला में भी नमाज़ नहीं छोड़ा : मौलाना मज़हर

जौनपुर धारा, जौनपुर। नगर के मोहल्ला केरारकोट बलुआघाट में स्थित मस्जिद ए सहाबा में अंजुमन रसूलिया की ओर से दस मोहर्रम के अवसर पर ऐतिहासिक शहादतनामा जलसा फ़ज़ाएल ए सहाबा के आयोजन बुधवार की रात को किया गया। जिसकी शुरुआत मौलाना मोहम्मद अजवद क़ासमी ने तिलावत ए क़ुरआन से किया। जलसे का अध्यक्षता नूरुद्दीन अंसारी ने की और नात ए पाक का नज़राना शायर मोनिस जौनपुरी ने पेश किया। इसके अतिरिक्त शायर अकरम जौनपुरी, अहमद अज़ीज़ ग़ाज़ीपुरी, शहज़ाद जौनपुरी, कारी महमूद बलियावी ने नात व मनकबत के अशआर प्रस्तूत किये जिससे श्रोताओं ने भरपूर आनंद लिया और वाह वाह,सुब्हान अललाह की सदाओं से मस्जिद का प्रांगण गूंज उठा। जलसा को सम्बोधित करते हुए मौलाना मज़हर उल हक़ क़ासमी ने कहा कि हज़रत हुसैन रज़ि जो नवास ए रसूल हैं उन्होंने मैदान ए करबला में हक़ की खातिर अपनी और अपने घर वालों की क़ुरबानी दे दी मगर ज़ुलम व जबर के सामने अपने सर् को नहीं झुकाया। मौलाना ने कहा कि हज़रत हुसैन रज़ि ने मैदान ए कर्बला में भी नमाज़ से रिश्ता नहीं तोड़ा हम उनसे मोहब्बत का दम भरते हैं तो हमें भी चाहिए कि हम पांच वक़्त की नमाज़ की पाबंदी करें। प्रोग्राम का संचालन अजवद क़ासमी ने किया। इस अवसर पर मज़हर आसिफ़, कमालुद्दीन अंसारी, अज़ीज़ फरीदी, क़मर जौनपुरी, मुख़्तार मंसूरी, साहिल खान, मोहम्मद तबरेज़, अंसार इदरीसी, शहज़ादे खान समेत अन्य लोग उपस्थित रहे। अन्त में प्रोग्राम के आयोजक अनवारुल हक़ गुड्डू ने सभी लोगों का शुक्रिया अदा किया।

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