197 करोड़ की लागत से बनेगा 4.335 किमी लंबा बाईपास, जाम से राहत की उम्मीद; डीएम-एसएसपी ने तैयारियों का लिया जायजा
मुंगराबादशाहपुर। क्षेत्र की वर्षों पुरानी मांग अब पूरी होने की दिशा में बढ़ रही है। केंद्रीय सड़क परिवहन एवं राजमार्ग मंत्री नितिन गडकरी पांच नवंबर को मुंगराबादशाहपुर बाईपास की आधारशिला रखेंगे। सुबह 10 बजे सार्वजनिक इंटर कॉलेज परिसर में आयोजित कार्यक्रम में 197 करोड़ रुपये की लागत से बनने वाली 4.335 किलोमीटर लंबी परियोजना का शिलान्यास प्रस्तावित है।
बाईपास के निर्माण से कस्बे के लोगों को आए दिन लगने वाले जाम से राहत मिलने की उम्मीद है। साथ ही जौनपुर-प्रयागराज मार्ग पर वाहनों का दबाव कम होने और आवागमन सुगम होने की संभावना है। परियोजना से सड़क दुर्घटनाओं की आशंका कम करने और स्थानीय व्यापारिक गतिविधियों को भी गति मिलने की उम्मीद जताई जा रही है।
परियोजना के निर्माण की निर्धारित तिथि 23 मार्च 2027 और संभावित पूर्णता तिथि 22 सितंबर 2027 तय की गई है। इसके पूरा होने के बाद कस्बे के बीच से गुजरने वाले यातायात का दबाव कम करने में मदद मिल सकती है।
जनसभा और हेलीपैड स्थल का निरीक्षण
शिलान्यास कार्यक्रम की तैयारियों को लेकर जिलाधिकारी सैमुअल पॉल और एसएसपी यशवीर सिंह ने अधिकारियों के साथ जनसभा स्थल सार्वजनिक इंटर कॉलेज तथा हेलीपैड स्थल सार्वजनिक पीजी कॉलेज का निरीक्षण किया। इस दौरान सुरक्षा, यातायात, आमजन की आवाजाही और अन्य व्यवस्थाओं की समीक्षा की गई।
आमजन के प्रवेश और निकासी के लिए दो फ्रंट गेट निर्धारित किए गए हैं, जबकि वीआईपी आवागमन के लिए अलग रास्ता बनाया गया है। जिलाधिकारी ने पीडब्ल्यूडी, एनएचएआई सहित संबंधित विभागों के अधिकारियों को सभी तैयारियां समय से पूरी करने के निर्देश दिए। उन्होंने कार्यक्रम स्थल पर आवश्यक व्यवस्थाएं सुनिश्चित करने पर जोर दिया।
भाजपा पदाधिकारियों ने भी की समीक्षा
उधर, कार्यक्रम को लेकर भाजपा पदाधिकारियों ने भी बैठक कर तैयारियों की समीक्षा की। इसमें राज्य मंत्री गिरीश चंद्र यादव, पूर्व विधायक डॉ. सुषमा पटेल और जिलाध्यक्ष अजीत प्रजापति सहित अन्य पदाधिकारी मौजूद रहे।
राज्यसभा सांसद सीमा द्विवेदी ने क्षेत्रवासियों से कार्यक्रम में अधिक से अधिक संख्या में पहुंचने की अपील की। उन्होंने बाईपास परियोजना को क्षेत्र के विकास की दिशा में महत्वपूर्ण उपलब्धि बताया।
लंबे समय से जाम की समस्या से जूझ रहे मुंगराबादशाहपुर के लोगों को इस परियोजना से राहत मिलने की उम्मीद है। अब पांच नवंबर को प्रस्तावित शिलान्यास कार्यक्रम और इसके बाद निर्माण कार्य की प्रगति पर क्षेत्रवासियों की नजर रहेगी।


