जौनपुर धारा, जौनपुर। बुधवार को मछलीशहर नगर पंचायत चेयरमैन संजय जायसवाल को पुलिस ने धोखाधड़ी और फर्जी कागजातों के जरिए ट्रेलर बेचने के आरोप में गिरफ्तार कर लिया है। संजय जायसवाल चौथी बार चेयरमैन बने हैं और उन पर पहले से भी आधा दर्जन मुकदमे दर्ज हैं। स्थानीय पुलिस के अनुसार संजय जायसवाल पर आरोप है कि उन्होंने 13 ट्रेलरों को फर्जी एनओसी के जरिए बिना वाहन मालिक की अनुमति के बेचा और बैंक का लोन चुकाए बिना करोड़ों का फायदा उठाया। इस पूरे मामले में प्रभारी निरीक्षक सत्य प्रकाश सिंह और उपनिरीक्षक कृष्णानंद यादव ने अपनी टीम के साथ मंगलवार को कुँवरपुर टोल प्लाजा पर छापा मारकर चेयरमैन को गिरफ्तार किया।
बताया जा रहा है कि इस धोखाधड़ी के जरिए संजय जायसवाल ने करीब पांच करोड़ रुपए का अवैध लाभ कमाया है। मामले में उनके छोटे भाई ने संजय के खिलाफ शिकायत दर्ज करवाई। आरोप के आधार पर उनके खिलाफ धोखाधड़ी सहित कूटरचित कागजात तैयार कर ट्रेलर बेचने के आरोप में मुकदमा दर्ज हुआ था। शादीगंज निवासी नगर पंचायत अध्यक्ष के छोटे भाई अनुराग जायसवाल ने जुलाई में संयुक्त गृह सचिव को प्रार्थना पत्र दिया था। इसमें आरोप लगाया गया था कि उन्होंने अपने बड़े भाई नगर पंचायत अध्यक्ष संजय जायसवाल के एसकेपी रोड लाइंस ट्रांसपोर्ट कंपनी मछलीशहर में अपने 13ट्रेलर लगवाए थे, लेकिन छल व अनिधिकृत रूप से लाभ लेने के उद्देश्य से सभी अपने कब्जे में ले लिए। इसके बाद बिना मेरी अनुमति के और बिना बैंक की ओर से एनओसी जारी किए फर्जी और कूटरचित कागजात तैयार कर जालसाजी पूर्वक षड्यंत्र करके बेच दिया। संयुक्त गृह सचिव ने मामले के जांच के आदेश दिए थे। जांच के बाद कोतवाली पुलिस ने 11 सितंबर को मुकदमा दर्ज किया। क्षेत्राधिकारी मछलीशहर गिजेन्द्र कुमार सिंह ने बताया कि जांच में पुख्ता सबूत मिलने के बाद पुलिस ने संजय जायसवाल के खिलाफ कार्रवाई की। अब उन्हें विधिक कार्यवाही के तहत जेल भेजा जा रहा है।


