जौनपुर : Uttar Pradesh Public Service Commission द्वारा आयोजित होने वाली सहायक आचार्य, राजकीय (प्रारंभिक) परीक्षा-2025 को निष्पक्ष एवं व्यवस्थित ढंग से संपन्न कराने के लिए जिला प्रशासन ने तैयारियां तेज कर दी हैं।
इसी क्रम में मंगलवार देर शाम कलेक्ट्रेट सभागार में अपर जिलाधिकारी (वित्त एवं राजस्व) Parmanand Jha की अध्यक्षता में समीक्षा बैठक आयोजित की गई। बैठक Samuel Paul N. के निर्देशन में संपन्न हुई।
14 परीक्षा केंद्रों पर होगी परीक्षा
बैठक में 31 मई को जनपद के 14 परीक्षा केंद्रों पर आयोजित होने वाली परीक्षा की तैयारियों, सुरक्षा व्यवस्था, कानून-व्यवस्था तथा परीक्षार्थियों के लिए उपलब्ध कराई जाने वाली सुविधाओं की विस्तृत समीक्षा की गई।
अधिकारियों को निर्देश दिए गए कि परीक्षा की शुचिता एवं गोपनीयता बनाए रखने में किसी भी प्रकार की लापरवाही स्वीकार नहीं की जाएगी।
सुरक्षा और पारदर्शिता पर जोर
अपर जिलाधिकारी ने कहा कि परीक्षा को शांतिपूर्ण एवं पारदर्शी वातावरण में संपन्न कराना प्रशासन की सर्वोच्च प्राथमिकता है। इसके लिए प्रत्येक परीक्षा केंद्र पर पर्याप्त पुलिस बल एवं मजिस्ट्रेट की तैनाती सुनिश्चित की जाए।
उन्होंने सभी अधिकारियों को आपसी समन्वय के साथ जिम्मेदारीपूर्वक कार्य करने के निर्देश देते हुए कहा कि परीक्षार्थियों को किसी प्रकार की असुविधा नहीं होनी चाहिए।
पेयजल और प्राथमिक उपचार की व्यवस्था
बैठक के दौरान परीक्षा केंद्रों पर पेयजल, बिजली, स्वच्छ शौचालय, प्रकाश व्यवस्था, सीसीटीवी कैमरे और बैठने की समुचित व्यवस्था की स्थिति की भी समीक्षा की गई।
भीषण गर्मी को देखते हुए परीक्षार्थियों के लिए प्राथमिक उपचार और पर्याप्त पेयजल उपलब्ध कराने के निर्देश दिए गए। साथ ही सभी परीक्षा केंद्रों का पूर्व निरीक्षण कर व्यवस्थाएं समय से पूर्ण कराने पर जोर दिया गया।
लगातार भ्रमणशील रहेंगे मजिस्ट्रेट
अधिकारियों को निर्देशित किया गया कि सेक्टर एवं स्टैटिक मजिस्ट्रेट परीक्षा अवधि के दौरान लगातार भ्रमणशील रहें और किसी भी समस्या की सूचना तत्काल कंट्रोल रूम को उपलब्ध कराएं।
बैठक में प्रश्नपत्रों की सुरक्षा, वितरण व्यवस्था और निगरानी प्रणाली को लेकर भी आवश्यक दिशा-निर्देश जारी किए गए।
अनियमितता पर होगी सख्त कार्रवाई
प्रशासन ने स्पष्ट किया कि परीक्षा को शासन की मंशा के अनुरूप पूरी पारदर्शिता, निष्पक्षता और अनुशासन के साथ संपन्न कराया जाएगा तथा किसी भी प्रकार की अनियमितता पाए जाने पर संबंधित के विरुद्ध कठोर कार्रवाई की जाएगी।
बैठक में उपजिलाधिकारी, क्षेत्राधिकारी, पुलिस विभाग, शिक्षा विभाग, स्वास्थ्य विभाग, परिवहन विभाग तथा अन्य संबंधित विभागों के अधिकारी उपस्थित रहे।



