जौनपुर धारा, जौनपुर। रविवार को नवरात्र का प्रथम दिन है जिसके साथ ही शनिवार की शाम तक पूजा पंडालों को अंतिम रूप दे दिया गया। मां की नयनाभिराम प्रतिमा के पण्डालों में विराजमान होने की कड़ी भी लगभग पूर्ण कर ली गई है और आज से दर्शन आरंभ हो जायेगा। शहर के कई पंडालों में प्रतिमाएं पहुंच गईं है तो कई जगह अभी पहुँच ही रहीं हैं। शारदीय नवरात्र की षष्ठी तिथि पर पूजा पंडालों में मां दुर्गा की प्राण प्रतिष्ठा की गई। आज से मां का पंडालों में आह्वान किया जायेगा। सिंह पर सवार मां दुर्गा महिषासुर का वध करते हुए दर्शन को लोग काफी उत्सुक हैं। कुछ पंडालों में रविवार की सुबह प्रतिमाओं की प्राण-प्रतिष्ठा होगी। शहर में चहारसू, कोतवाली, ओलन्दगंज, गौशाला, गीतांजलि समेत सौ से अधिक स्थानों पर मां दुर्गा की प्रतिमाओं का आगमन लगभग हो गया है। यह पर्व शक्ति उपासना के लिए जाना जाता है। जनपद के ऐतिहासिक शीतला चौकिया धाम के अलावा नगर के परमानतपुर मोहल्ला स्थित मैहर देवाr के मंदिर के अलावा जनपद के अन्य देवी मंदिरों में भव्य सजावट देखने को मिलेंगी।
- राजा साहब का दशहरा होगा 23 को
जौनपुर धारा, जौनपुर। राजा जौनपुर के हवेली पुरोहित पंडित जनार्दन प्रसाद मिश्र ने प्रेस विज्ञप्ति के माध्यम से बताया कि अश्वनी शुक्ल पक्ष को दशमी होती है।इस वर्ष नवमी तिथि सोमवार दिनांक 23 अक्टूबर को दिन में 3 बजकर10 मिनट पर दशमी लग रही है। विजय दशमी की प्रधानता अपरान्ह काल की होती है, चूकि सोमवार अपरान्ह काल में दशमी आ रही है। दूसरे दिन मंगलवार को दशमी केवल 12.10 तक है, अपरान्ह काल में नही मिल रही है, एकादशी में रावण दहन का वैदिक परंपरा अनुसार कोई महत्व नहीं है और ना ही आम जनमानस के लिए शुभफलदाई है। श्रवण नक्षत्र का संयोग भी नही मिल रहा है। इस नाते विजय दशमी का पर्व सोमवार 23 अक्टूबर को हो मनाया जाना चाहिए। हवेली प्रतिनिधि प्रो.कैप्टन अखिलेश्वर शुक्ल ने बताया कि हवेली में होने वाला शस्त्र पूजन 23अक्टूबर सोमवार को तिथि अनुसार होगा, तथा उसी दिन राजा की शाही सवारी पोखरे पर जायेगी। जहां रावण दहन होगा व शमी पूजन भी होगा।



