कार्य की लागत से पूर्णता तिथि तक दर्ज होगी जानकारी, गुणवत्ता में कमी पर तय होगी जिम्मेदारी
जौनपुर। नगर पालिका परिषद और नगर पंचायतों में संचालित विकास एवं निर्माण कार्यों में पारदर्शिता सुनिश्चित करने के लिए अब नगर निकायों के हर निर्माण स्थल पर सूचना बोर्ड लगाना अनिवार्य होगा। बोर्ड पर कार्य की लागत, कार्यदायी संस्था, शुरू होने की तिथि और निर्धारित पूर्णता तिथि समेत अन्य आवश्यक विवरण स्पष्ट रूप से दर्ज किए जाएंगे।
इससे आमजन को संबंधित निर्माण कार्य की पूरी जानकारी आसानी से मिल सकेगी।
गुणवत्ता और समयबद्धता पर डीएम का जोर
यह निर्देश जिलाधिकारी सैमुअल पाल एन. ने बुधवार देर शाम कलेक्ट्रेट सभागार में नगर निकायों में संचालित विभिन्न योजनाओं, विकास कार्यों और निर्माणाधीन परियोजनाओं की समीक्षा बैठक में दिए।
उन्होंने नगर निकायों में चल रहे निर्माण कार्यों और शासन की योजनाओं की बिंदुवार समीक्षा की। अधिकारियों को निर्माण कार्यों में गुणवत्ता, पारदर्शिता और समयबद्धता सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।
जिलाधिकारी ने कहा कि सभी निर्माण कार्य निर्धारित मानकों के अनुरूप कराए जाएं। निर्माणाधीन परियोजनाओं का अधिकारी नियमित निरीक्षण और अनुश्रवण करें तथा लंबित कार्यों को प्राथमिकता के आधार पर पूरा कराया जाए।
उन्होंने स्पष्ट किया कि किसी भी स्तर पर लापरवाही अथवा गुणवत्ता में कमी मिलने पर संबंधित अधिकारी की जिम्मेदारी तय कर कार्रवाई की जाएगी।
सड़क, नाली, पेयजल और प्रकाश व्यवस्था को प्राथमिकता
जिलाधिकारी ने नगर निकायों के अधिकारियों को स्वच्छता, पेयजल, प्रकाश व्यवस्था, सड़क और नाली निर्माण जैसे जनहित से जुड़े कार्यों को प्राथमिकता देने के निर्देश दिए।
उन्होंने कहा कि विकास कार्यों का सीधा लाभ आम नागरिकों तक पहुंचना चाहिए।
पैदल यात्रियों और स्ट्रीट वेंडरों के लिए निर्देश
डीएम ने पैदल यात्रियों के लिए निर्धारित पेडेस्ट्रियन पाथवे को पूरी तरह अतिक्रमणमुक्त रखने को कहा, ताकि लोगों को आवागमन में परेशानी न हो।
स्ट्रीट वेंडरों को चिन्हित और निर्धारित स्थानों पर व्यवस्थित करने के निर्देश दिए गए। इससे फुटपाथ पर अनावश्यक अतिक्रमण रोकने के साथ ही यातायात व्यवस्था को सुचारु बनाए रखने में मदद मिलेगी।
ई-रिक्शा के लिए तय होंगे पिकअप-ड्रॉप प्वाइंट
शहर में यातायात व्यवस्था को बेहतर बनाने के लिए ई-रिक्शा के पिकअप और ड्रॉप प्वाइंट चिन्हित करने के निर्देश भी दिए गए।
जिलाधिकारी ने कहा कि ई-रिक्शा निर्धारित स्थानों से ही सवारियों को बैठाएं और उतारें, ताकि प्रमुख मार्गों पर अनावश्यक जाम की स्थिति न बने।
उन्होंने नगर क्षेत्र में किसी भी कार्य को शुरू करने से पहले संबंधित कार्यदायी संस्था से समन्वय स्थापित कर आवश्यक अनापत्ति प्रमाण पत्र (एनओसी) प्राप्त करने के निर्देश दिए।
बैठक में अपर जिलाधिकारी भू-राजस्व अजय, संबंधित अधिकारी, नगर निकायों के अधिशासी अधिकारी और अन्य संबंधित अधिकारी मौजूद रहे।


