Become a member

Get the best offers and updates relating to Liberty Case News.

― Advertisement ―

spot_img

E-Paper 19-08-2026

जौनपुर धारा का नवीनतम ई-पेपर यहां पढ़ें। जौनपुर और आसपास की स्थानीय खबरों, प्रमुख समाचारों और ताजा अपडेट के लिए Jaunpur Dhara E-Paper ऑनलाइन देखें।
Homeअपना जौनपुरसंस्कृति की मिसाल है शिराजे-ए-हिंद : निर्मला मौर्या

संस्कृति की मिसाल है शिराजे-ए-हिंद : निर्मला मौर्या

जौनपुर धारा, जौनपुर। मोहम्मद हसन पीजी कॉलेज के सौदागर हाल में बुधवार को असारे-ए-शिराजे-ए-हिंद पुस्तक का विमोचन किया गया। कार्यक्रम की अध्यक्षता सुप्रीम कोर्ट एडवोकेट जेड.के.फैजान ने किया। मुख्य अतिथि पूर्वांचल विश्वविद्यालय की कुलपति प्रोफेसर डॉ.निर्मला मौर्य व विशिष्ट अतिथि प्रोफेसर डॉ.अलाउद्दीन, एडिटर जिलानी खान रहे। कार्यक्रम के आरम्भ में अतिथियों को पुष्प एवं बुके देकर प्राचार्य डॉ.अब्दुल कादिर खान ने स्वागत किया।इसके उपरान्त अतिथियों ने सर्वप्रथम पुस्तक का विमोचन किया। प्राचार्य डॉ.अब्दुल कादिर खान ने अपने संबोधन में कहा कि इस किताब से जौनपुर की तमाम धरोहर को बाकी रखा जा सकता है। जौनपुर हमेशा में एक ऐतिहासिक दृष्टि से जाना एवं पहचाना जाता है। हाजी जियाउद्दीन की इस कार्य की जितनी प्रशंसा की जाए कम है। जिन्होंने जौनपुर के इतिहास के साथ अपनी कलम को भी जिंदा रखा। मुख्य अतिथि कुलपति डॉ.निर्मला मौर्य ने कहा कि जौनपुर संस्कृति, विरासत, तहजीब एवं शिक्षा की एक मिसाल के रूप में देश में जाना जाता है। जौनपुर में बड़े से बड़े ऐतिहासिक स्थल एवं जियाउद्दीन की किताब के विमोचन से जौनपुर के धरोहर एवं विलुप्त खेलों एवं स्मारकों की पहचान जिंदा हुई है। मेरे सहयोग से इस किताब का हिन्दी अनुवाद जल्द जारी किया जाएगा। हिंदी अनुवाद होने के बाद इस किताब के हिंदी विमोचन पूर्वांचल विश्वविद्यालय में मेरे द्वारा किया जाएगा। ताकि जौनपुर के जनता इस किताब से अपनी धरोहर एवं विरासत की पहचान को जान सकें। विशिष्ट अतिथि अलाउद्दीन ने जौनपुर के इतिहास के बारे में बातें साझा की। कार्यक्रम के अध्यक्ष ने अपने संबोधन में कहा कि जौनपुर तहजीब का मरकज है। जौनपुर एक समय में देश की राजधानी हुआ करता था। जौनपुर की जमीन पर अनेकों शायर एवं इतिहासकारों की जिंदगी गुजरी है। अंत में आए हुए सभी अतिथियों का स्मृति चिन्ह एवं बुके देकर प्राचार्य के द्वारा सम्मान किया गया। इस मौके पर आनंद चतुर्वेदी, समाजसेवी जितेंद्र यादव, शाह आलम, डॉ.जियाउद्दीन, डॉ.विजय सिंह, डॉ.पी.सी.विश्वकर्मा, नोमान खान, डॉ.कमरुद्दीन शेख, डॉ.ममता सिंह, डॉ.निलेश सिंह, प्रवीण यादव, मौजूद रही। कार्यक्रम का संयुक्त संचालन आरिफ सिद्दीकी एवं अहमद अब्बास खान ने किया।