जौनपुर धारा, जौनपुर। जलालपुर विकास खण्ड के क्षेत्र पंचायत की बैठक सम्पन्न हुई जहां सर्वप्रथम प्रमुख की अनुमति से कार्यवाही प्रारंभ की गई। उपस्थित समस्त क्षेत्र पंचायत सदस्यों के समक्ष प्रमुख जलालपुर द्वारा किये गये समस्त कार्यों को पढ़कर सुनाया गया। राष्ट्रीय ग्रामीण आजीविका मिशन के संदर्भ में जानकारी देते हुए ब्लाक जलालपुर में वर्ष 23—24में प्रधानमंत्री आवास बनकर पूर्ण हो गये जबकि मुख्यमंत्री आवास के लिए 142 लाभार्थियों का आवास बनवाया गया। वर्ष 2024-25 में ब्लाक के 59ग्राम पंचायत में 2542 लाभार्थियों का सर्वे कराया गया। इसी क्रम में खण्ड विकास अधिकारी जगदीश कुमार ने सदन को बताया कि शासनादेश के अनुसार क्षेत्र पंचायत एक ग्राम पंचायत से दूसरे ग्राम पंचायत के अन्तर्गत आने वाले लाभार्थीपरक ही कार्य करेंगे। इसमें इंटरलॉकिंग, ईंट, खड़ंजा, ह्यूम पाइप, नाली, सोलर लाइट, हाई माक्स समेत अन्य कार्यों पर कुल लगभग 27करोड़ का प्रस्ताव प्राप्त हुआ। जिसे सदन के पटल पर रखकर कार्य का अनुमोदन कर दिया गया। साथ ही समस्त योजनाओं की जानकारी दी गयी। इसी क्रम में बैठक में उपस्थित भारतीय सुहेलदेव पार्टी के उपाध्यक्ष एवं प्रमुख प्रतिनिधि राजीव सिंह ने क्षेत्र पंचायत सदस्यों को सम्बोधित करते हुये कहा कि जल्द ही ब्लाक के विभिन्न ग्रामसभाओं में 100सोलर लाइट व 50हाई माक्स लगवा दी जाएगी। शेष अन्य जगहों पर लगवा दी गयी है। इस अवसर पर सतीश पाण्डेय समाज कल्याण विभाग, दीपक शर्मा आईएसबी, अरविन्द कुमार एडीओ एजी, शकील अहमद अंसारी अकाउंटेंट सहित विकास खण्ड अधिकारी, ग्राम प्रधान, पत्रकार सहित तमाम लोग उपस्थित रहे। कार्यक्रम का संचालन संजय सरला गौड़ ने किया। ब्लाक प्रमुख बदामा देवी पत्नी बेदी राम ने समस्त क्षेत्र पंचायत सदस्यों की प्रति आभार व्यक्त करते हुये कहा कि डीपीआरओ कार्यकाल में कर्मचारियों के ट्रांसफर—पोस्टिंग में काफी अनियमितता पायी गयी है। कहीं-कहीं पर कर्मचारी 8 से 10वर्षों तक एक ही स्थान पर कार्यरत हैं। अभी तक उनका स्थानान्तरण नहीं किया गया। एक—दो वर्ष से कार्यरत कर्मचारियों का स्थानान्तरण कर दिया जा रहा है जो शासन के मंशा के विरुद्ध है।
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जंतर-मंतर की घटना की निष्पक्ष जांच की मांग, राष्ट्रपति और मानवाधिकार आयोग को भेजा ज्ञापन
जंतर-मंतर पर प्रदर्शन के दौरान कथित हिंसा और मानवाधिकार उल्लंघन की घटना को लेकर राष्ट्रीय मानवाधिकार संगठन ने निष्पक्ष जांच की मांग की है। संगठन ने राष्ट्रपति, राष्ट्रीय मानवाधिकार आयोग और सर्वोच्च न्यायालय के मुख्य न्यायाधीश को ज्ञापन भेजकर घायलों को न्याय और सहायता दिलाने की मांग की।
ब्लाक प्रमुख के समक्ष सदस्यों ने रखा 27करोड़ का प्रस्ताव

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