- भव्य महागंगा आरती व भंडारे का किया गया आयोजन
- भारी संख्या में लोगों ने ग्रहण किया महाप्रसाद
जौनपुर धारा, जौनपुर। जलालपुर क्षेत्र के तालामझवारा में चल रहे श्रीमद् भागवत कथा ज्ञान सप्ताह महायज्ञ का मंगलवार को समापन हुआ। काशी से पधारे कथा व्यास पंडित आचार्य प्रमोद त्रिवेदी महाराज के द्वारा श्रीमद्भागवत कथा में विभिन्न धार्मिक प्रसंग सुनाए गए। साथ ही भजनों की प्रस्तुति से भक्तगण आत्मविभेर होकर झूम उठे। इसके साथ ही श्रीमद्भागवत कथा का शनिवार को समापन हुआ।
भगवान श्रीकृष्ण के वात्सल्य व असीम प्रेम के अलावा उनके द्वारा की गई विभिन्न लीलाओं का वर्णन कर वर्तमान समय में समाज में व्याप्त अत्याचार, कटुता, व्यभिचार को दूर कर सुंदर समाज निर्माण के लिए युवाओं को प्रेरित किया। इस धार्मिक अनुष्ठान के समापन दिवस पर भगवान श्रीकृष्ण की सर्वोपरि लीला रासलीला, मथुरा गमन, दुष्ट कंस राजा के अत्याचार से मुक्ति के लिए कंसवध, शिशुपाल वध एवं सुदामा चरित्र का वर्णन कर लोगों को भक्तिरस में डुबो दिया। इस दौरान भजन गायकों ने उपस्थित लोगों को ताल एवं धुन पर नृत्य करने के लिए विवश कर दिया। इस कथा में बड़ी संख्या में महिला-पुरूषों भक्तों ने आनंद उठाया। उन्होंने सुंदर समाज निर्माण के लिए गीता से कई उपदेश के माध्यम अपने को उस अनुरूप आचरण करने को कहा जो काम प्रेम के माध्यम से संभव है, वह हिंसा से संभव नहीं हो सकता है। समाज में कुछ लोग ही अच्छे कर्मों द्वारा सदैव चिर स्मरणीय होते हैं, इतिहास इसका साक्षी है। कथा के पश्चात भव्य महाआरती गंगा की आरती कराई गई। तत्पश्चात सभी भक्तों ने प्रसाद ग्रहण किया। पंडाल में इंस्पेक्टर रमेश यादव, डॉ. अजयेद्र दुबे, कमलेश यादव, कन्हैयालाल यादव, मोहन, पंडित राजेश मिश्रा, संदीप, पंकज, राजन, मुन्नू, भेले मास्टर विनोद विश्वकर्मा हजारों लोगों ने रसपान किया।


