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रोडवेज परिसर छोड़ जेसीज चौराहे पर सवारी भर रहीं बसें, रोज जाम में फंस रहा शहर

जौनपुर शहर में रोडवेज परिसर के बजाय जेसीज चौराहे के आसपास सड़क पर बसें खड़ी कर सवारी भरने की शिकायत सामने आई है। स्थानीय लोगों के अनुसार इससे व्यस्त मार्ग पर यातायात प्रभावित होता है और रोज जाम की स्थिति बनती है। यातायात पुलिस के अनुसार बसों को निर्धारित परिसर में खड़ा करने के निर्देश दिए गए हैं।

E-Paper 28-09-2026

Homeअपना जौनपुरलोक कलाकारों की स्मृतियों का करें दस्तावेजीकरण : डॉ.धनंजय चोपड़ा

लोक कलाकारों की स्मृतियों का करें दस्तावेजीकरण : डॉ.धनंजय चोपड़ा

  • योग हमारी भारतीय संस्कृति का अभिन्न अंग : कुलपति
  • मन को नियंत्रित करने के लिए योग करें : जय सिंह

जौनपुर धारा,जौनपुर। कल्चरल क्लब एवं वीर बहादुर सिंह पूर्वांचल विश्वविद्यालय के जनसंचार विभाग की ओर से पांच दिवसीय कार्यशाला के दूसरे दिन मंगलवार को भारतीय संस्कृति और योग एवं लोक कलाओं और संस्कृति  का संरक्षण विषयक सत्रों का आयोजन  किया। संस्कृति विभाग उ.प्र. के सहयोग से आयोजित की जा रही कार्यशाला संस्कृति के संरक्षण, संवर्धन, प्रदर्शन, दस्तावेजीकरण पर आधारित है। प्रशिक्षण सत्र में बतौर मुख्य वक्ता ख्यातिलब्ध लेखक और इलाहाबाद विश्वविद्यालय के शिक्षक डॉ.धनंजय चोपड़ा ने कहा कि लोक संस्कृति मानव मूल्यों पर आधारित है, अगर आपके जीवन में मूल्य नहीं है तो जीवन व्यर्थ है। उन्होंने कहा न्यू मीडिया के दौर में लोक कलाओं और किताबों से जुड़े रहे तभी रच पायेगें। उन्होंने कहा कि लोक कलाकारों के पास जो स्मृतियाँ है उसका दस्तावेजीकरण करें। उन्होंने कहा कि गाँव के लोग बहुत सृजनधर्मीं होते है चलते लोकगीतों की रचना करते है, रिकॉर्डर के माध्यम इसे सुरक्षित कर लेखन करे। उन्होंने विभिन्न लोक कलाओं के बारे में विस्तार से बताया। उन्होंने कहा कि लोक कलाकारों ने सिर्फ मनोरंजन ही नहीं किया बल्कि चेक गणराज्य में सत्ता के खिलाफ आवाज भी कठपुतलियों ने उठाई है। योग एवं भारतीय संस्कृति सत्र में संबोधित करते हुए कुलपति प्रो.वंदना सिंह ने कहा कि योग हमारी भारतीय संस्कृति का अभिन्न अंग है। विद्यार्थी अपनी दिनचर्या में इसे शामिल कर तन और मन को शुद्ध रख सकते है। उन्होंने कहा कि भारत के ऋषियों ने भी योग के महत्व को बखूबी समझा है। योगाचार्य जय सिंह ने प्रतिभागियों को योग, ध्यान और प्राणायाम कराया। अवधूत भगवान राम पीजी कॉलेज अनपरा सोनभद्र के प्राचार्य डॉ.अजय विक्रम सिंह ने युवाओं को भारत के महापुरुषों के बारे में बताया। जनसंचार विभाग के अध्यक्ष प्रो.मनोज मिश्र ने विविध लोक कलाओं पर विस्तार से अपनी बात रखी और लोकगीतों को भी सुनाया। उन्होंने कहा कि युवा पीढ़ी लोकगीतों की  मिठास को समझे. कार्यशाला के संयोजक डॉ.दिग्विजय सिंह राठौर ने अतिथियों का स्वागत एवं आयोजन सचिव डॉ.सुनील कुमार ने धन्यवाद ज्ञापन किया। इस अवसर पर डॉ.राज कुमार सोनी, डॉ.सुधाकर शुक्ल, डॉ.अवध बिहारी सिंह, डॉ.चन्दन सिंह, डॉ.सुरेन्द्र यादव, सोनम विश्वकर्मा, अमित मिश्रा समेत तमाम लोग उपस्थित रहे।