― Advertisement ―

spot_img

हाइब्रिड युद्ध: 21वीं सदी की अदृश्य चुनौती और भारत की सुरक्षा

यह छवि हाइब्रिड युद्ध की अवधारणा को दर्शाती है जिसमें साइबर हमले, सूचना युद्ध, आर्थिक दबाव और डिजिटल सुरक्षा शामिल हैं। यह आधुनिक युद्ध की बदलती प्रकृति और भारत की सुरक्षा रणनीति को समझाने में मदद करती है। इसमें यह दिखाया गया है कि कैसे तकनीक और डेटा आधुनिक युद्ध का मुख्य हिस्सा बन चुके हैं और राष्ट्र की सुरक्षा केवल सेना पर नहीं बल्कि डिजिटल सिस्टम और नागरिक जागरूकता पर भी निर्भर करती है।
Homeअपना जौनपुरसमाजवादी कार्यकर्ता हमेशा चुनौतियों का करते है सामना : डॉ. अवधनाथ पाल

समाजवादी कार्यकर्ता हमेशा चुनौतियों का करते है सामना : डॉ. अवधनाथ पाल

  • अगर मोदी खुद सुन ले अपना भाषण नहीं देंगे भाजपा को वोट- तूफानी सरोज
  • नवनियुक्त जिलाध्यक्ष का हुआ जोरदार स्वागत

जौनपुर धारा, जौनपुर। जफराबाद क्षेत्र के विशुनपुर मझवारा गांव में बुधवार की देर रात को सपा के वरिष्ठ नेता रत्नाकर चौबे के आवास पर नवनियुक्त जिलाध्यक्ष का स्वागत समारोह का आयोजन किया गया जिसमें डॉ. अवध नाथ पाल ने पत्रकारों से बातचीत करते हुए कहा कि समाजवादी पार्टी के कार्यकर्ता हमेशा चुनौतियों का सामना करते है। चुनौती से कभी भागते नहीं हमेशा डट कर सामना करते हैं। नगर निकाय चुनाव में समीकरण देख कर प्रत्याशी उतारे जायेगे और हम लोग नगर निकाय चुनाव को जीतेंगे। केराकत के विधायक तूफानी सरोज ने बात करते समय भाजपा सरकार पर जमकर हमला बोलते हुए कहा कि भाजपा सरकार से जनता त्रस्त है। 2024 के चुनाव में जनता मोदी के खिलाफ है। अगर मोदी 2014 के चुनाव का अपना भाषण खुद सुन लें तो वो खुद भाजपा को अपना वोट नहीं देंगे। जितने भी इन्होंने जनता से वादा किया है एक भी काम नहीं किया जो इनकी डिग्रियों की उपयोगिता को लेकर जो चल रहा है इसमें भाजपा के बड़े नेता को स्पष्ट करना चाहिए। देश के प्रधानमंत्री की प्रदेश भर में शिक्षा को लेकर जो बवाल मचा है कि डिग्री फर्जी है बड़े नेता को बयान देकर इस पर विराम लगाना चाहिए। मोदी विदेश में गए और अपने भाषण में कहाकि हमें 600 करोड़ लोगों ने वोट दिया। उनको 60 करोड़ और 600 करोड़ में अंतर नहीं पता। अमित शाह ने अपने भाषण में कहाकि आप लोग 12 पास करके इंटरमीडिएट में जाएंगे तो आप लोगों को लैपटॉप मिलेगा। इनकों नहीं पता कि 12 और इंटरमीडिएट एक ही है। इन लोगों के हाथ में देश की बागडोर है देश का इतना पतन हो गया है। सही होने में 70 साल लगेंगे। इस मौके पर नंदलाल यादव, शिवसंत यादव, अनिल दुबे, घनश्याम यादव, अखिलेश यादव, बड़े लाल यादव, प्रदीप वर्मा, चंद्र प्रकाश चौहान आदि लोग उपस्थित रहे। कार्यक्रम के अंत में रत्नाकर चौबे ने सबका आभार व्यक्त किया।

Share Now...