पश्चिम बंगाल में पंचायत चुनाव के नामांकन के दौरान हुई हिंसा को लेकर बीजेपी ने सीएम ममता बनर्जी की गिरफ्तारी की मांग की है. बीजेपी नेता प्रियंका टिबरेवाल ने शनिवार (17 जून) को आरोप लगाते हुए कहा कि मेरा मानना है कि ममता बनर्जी को हिंसा भड़काने के लिए तुरंत गिरफ्तार किया जाना चाहिए. पिछले चुनावों के दौरान हमने यही देखा. उन्होंने हिंसा भड़काई और लोगों को उकसाया.
पश्चिम बंगाल बीजेपी की सचिव प्रियंका टिबरेवाल ने आरोप लगाया कि ममता बनर्जी ने हिंसा भड़काई और लोगों को उकसाते हुए कहा कि जब भी सीआईएसएफ आए, आपको (लोगों को) उन पर हमला करने की जरूरत है और वही हुआ भी. उन्होंने कल भी इसी बात को दोहराया था. इससे पहले बीजेपी ने पश्चिम बंगाल में पंचायत चुनाव नामांकन के दौरान हुई कथित चुनावी गड़बड़ी और हिंसा को देश के लोकतंत्र का एक काला अध्याय करार देते हुए आरोप लगाया कि इन सबके बावजूद राज्य निर्वाचन आयोग का रवैया उदासीन रहा, जो सबसे चिंताजनक है. पार्टी के राष्ट्रीय प्रवक्ता सुधांशु त्रिवेदी ने कहा कि पश्चिम बंगाल पंचायत चुनाव नामांकन में गड़बड़ी और चुनावी हिंसा के दौरान मुख्यमंत्री ममता बनर्जी की सरकार और पुलिस प्रशासन का बर्ताव देश की लोकतांत्रिक और चुनावी इतिहास का एक काला अध्याय है. उन्होंने कहा कि पश्चिम बंगाल पंचायत चुनाव प्रक्रिया में हिंसा का तांडव हो रहा है और बीजेपी कार्यकर्ताओं पर नृशंस हमले हो रहे हैं. इन सबके बावजूद राज्य निर्वाचन आयोग इन घटनाओं के प्रति उदासीन है, जो सबसे चिंताजनक है. इसी बीच शनिवार को पश्चिम बंगाल के राज्यपाल सीवी आनंद बोस ने नामांकन पंचायत चुनाव के दौरान दक्षिण 24 परगना में कैनिंग के प्रभावित क्षेत्र का दौरा किया. राज्यपाल सीवी आनंद बोस ने राज्य निर्वाचन आयुक्त (एसईसी) राजीव सिन्हा को शनिवार को राजभवन में भी बुलाया था. हालांकि, सिन्हा ने पंचायत चुनाव संबंधी पूर्व निर्धारित व्यस्तताओं का हवाला देते हुए राजभवन आने में असमर्थता जताई है. गौरतलब है कि पश्चिम बंगाल में पंचायत राज प्रणाली में करीब 75,000 सीटों पर आठ जुलाई को चुनाव होगा.



