जौनपुर। शहर का लाइन बाजार क्षेत्र इन दिनों गंदगी और बदहाली से जूझ रहा है। एक ओर सरकार स्वच्छ भारत अभियान के तहत स्वच्छता को बढ़ावा देने के लिए करोड़ों रुपये खर्च कर रही है, वहीं लाइन बाजार की जमीनी हकीकत इससे बिल्कुल अलग नजर आ रही है। यहां पिछले तीन से चार महीनों से नालियों की सफाई न होने के कारण हालात बेहद खराब हो गए हैं।
नालियों में सड़ रहा कचरा, महामारी फैलने का खतरा

मोहल्ले के लोगों का कहना है कि करीब चार महीने से सफाईकर्मी नालियों की गाद निकालने नहीं आए हैं। नालियां पूरी तरह चोक हो चुकी हैं, जिसके कारण गंदा पानी सड़कों पर बह रहा है।
बजबजाती नालियों से उठने वाली दुर्गंध के कारण स्थानीय लोगों का जीना मुश्किल हो गया है। निवासियों को आशंका है कि लंबे समय से जमा इस गंदगी के कारण मलेरिया, डेंगू और हैजा जैसी गंभीर बीमारियां फैल सकती हैं।
जागरूकता का अभाव : छतों से सड़क पर फेंका जा रहा कूड़ा
मोहल्ले की समस्या केवल प्रशासनिक लापरवाही तक ही सीमित नहीं है। स्थानीय स्तर पर नागरिक जागरूकता की कमी भी साफ दिखाई दे रही है।
सुबह के समय कई घरों से कूड़ा सीधे छतों से सड़क पर फेंक दिया जाता है, जिससे सड़कों पर गंदगी फैल जाती है। यही कचरा बाद में नालियों में जाकर फंस जाता है और जलभराव की समस्या को और भी गंभीर बना देता है।
कचरा निस्तारण की उचित व्यवस्था न होने और लोगों की इस लापरवाही ने पूरे मोहल्ले की स्थिति को खराब कर दिया है।
प्रशासन से कार्रवाई की मांग
लाइन बाजार के निवासियों ने प्रशासन से मांग की है कि जल्द से जल्द नालियों की सफाई कराई जाए और नियमित रूप से कूड़ा उठाने के लिए गाड़ी भेजी जाए।
लोगों का कहना है कि यदि समय रहते इस समस्या का समाधान नहीं किया गया, तो यह गंदगी किसी बड़ी बीमारी या जनहानि का कारण बन सकती है।



