जौनपुर धारा, जौनपुर। सिरकोनी विकास खण्ड के राजेपुर त्रिमुहानी पर सई गोमती नदी के संगम पर स्थित रामेश्वरम महादेव जिले ही नहीं बल्कि कई प्रदेश तक के शिव भक्तों के लिए आस्था का केंद्र बना हुआ है। इस स्थान पर वैसे तो प्रतिदिन सैकड़ों की संख्या में भक्त दर्शन करने आते है। सावन के महीने में इस स्थान के महत्व देखते हुए भक्तो की संख्या काफी बढ़ जाती है। इतिहास में इस मंदिर के बारे में चर्चा है कि यहाँ के एक दम्पत्ति को सपने में भगवान शिवजी का शिवलिंग दिखाई पड़ी। उनको सपने में शिवजी ने बताया कि अमुक स्थान पर खुदाई करे वही मैं हूँ। दम्पति ने सपने पर विश्वास करके जब खुदाई किया तो वहां पर शिवलिंग दिखाई देने लगा। काफी खुदाई के बाद भी शिवलिंग की सीमा का पता नहीं चला कि वे कितना जमीन में और है। तब वो लोग खुदाई बन्द करके वहीं पर शिवलिंग की पूजा अर्चना करने लगें। धीरे धीरे यहां पर भक्तों की भीड़ बढ़ने लगी।
कार्तिक पूर्णिमा पर उमड़ता है जनसैलाब
सिरकोनी। हिंदी महीने के कार्तिक माह के पूर्णवासी को सई गोमती नदी के संगम स्थल पर दर्शन करने वालों की काफी भीड़ उमड़ती है। उस दिन कई हजार लोग रामेश्वरम महादेव के दर्शन करते हैं। इसी स्थान पर सईं नदी गोमती नदी में समाहित हुई है। रामेश्वरम महादेव मंदिर के पुजारी ने बताया कि यहां पर भक्तों का आना जाना प्रतिदिन रहता है। सावन महीने तथा कार्तिक पूर्णिमा को संगम नहाने वाले लोगों की काफी भीड़ बढ़ जाती है। इस मंदिर के परिसर में दशकों से लगातार रामचरित मानस का पाठ चल रहा है जो रात दिन लगातार चलता है। भेलेनाथ की कृपा है कि पता ही नहीं चलता है कि मानस का पाठ कैसे निरन्तर चल रहा है।



