जौनपुर। जिलाधिकारी डॉ.दिनेश चंद्र की अध्यक्षता में आजमगढ़-वाराणसी राजमार्ग सम्बंधी मुआवजे के प्रकरण के निस्तारण के सम्बन्ध में बैठक कलेक्ट्रेट सभागार में संपन्न हुई। बैठक में जिलाधिकारी के द्वारा अवगत कराया गया कि आजमगढ़-वाराणसी राष्ट्रीय राजमार्ग के निर्माण के दौरान वर्ष-2013 से भूमि अधिग्रहण की प्रक्रिया चल रही थी, किन्ही कारणों से किसानों तथा एनएचएआई के मध्य मुआवजे के निर्धारण को लेकर गतिरोध चल रहा था। उन्होंने कहा कि किसानों को न्यायोचित मुआवजा मिल सकें। जिसके लिये तीन गांव का अभिनिर्णय किया जा चुका है, तथा अन्य सभी गांवों में अभिनिर्णय की प्रक्रिया चल रही है, दोनो पक्षों को सुनते हुए न्यायोचित निर्णय किया जाएगा जिससे आने वाले समय में शीघ्र राष्ट्रीय राजमार्ग का निर्माण किया जा सके तथा किसानों और एनएचएआई के मध्य जो गतिरोध है। उसे समाप्त किया जा सके। लम्बित मुआवजे के प्रकरण के निस्तारण के लिए एनएचएआई और किसानों के मध्य कई बार बैठक कराया गया है और पूरे प्रकरण को उच्च अधिकारियों से भी अवगत कराया गया। उन्होने कहा कि जो दर निर्धारित किया गया है अभिनिर्णय के पश्चात सम्पूर्ण धनराशि सम्बन्धित किसान के खाते में हस्तान्तरित कर दी जाएगी। जिलाधिकारी ने कहा कि जनहित के कार्यो को प्रत्येक अधिकारी गम्भीरता से लें यह राजमार्ग बन जाने से सभी किसानों, आमजनमानस को आवागमन में सुविधा होगी तथा उस क्षेत्र का तीव्र गति से विकास भी हो सकेगा।
― Advertisement ―
किसानों को मिल सके न्यायोचित मुआवजा : जिलाधिकारी

Previous article
Next article

