जौनपुर धारा(सोहन यादव)
जौनपुर। लोकसभा चुनाव को लेकर लोगों में हर बार की तरह कोई खास चर्चा नहीं दिख रही है। बहुत से लोग चुनाव पर बात करते हुए मुंह मोड़ ले रहे हैं। लेकिन अपने बीच का भेद भी नहीं खोल रहे हैं। ऐसा प्रतीत होता है कि लोगों को पहले से ही चुनाव परिणाम का अंदेशा हो गया है। इस बार की लोकसभा चुनाव में जनता की खामोशी किसी ऐतिहासिक पैâसले की ओर इशारा कर रही है। कुछ ग्रामीण क्षेत्रों की बात करें तो पार्टी के नेता व प्रचार गाड़ी का कुछ पता ही नहीं चला। वहीं सिर्फ सड़कों पर सभी पार्टी वेâ प्रचार गाड़ी वोट देने की अपील कर रहे हैं। गुरूवार की शाम से ही प्रचार प्रसार थम गया था। लेकिन इसके पूर्व ही भारतीय जनता पार्टी के समर्थन में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ नाथ, मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री मोहन यादव, उत्तर प्रदेश के दो उप मुख्यमंत्री केशव प्रसाद मौर्या और स्वास्थ्य मंत्री बृजेश पाठक भी चुनाव चढ़ाने के लिये लगातार जौनपुर का दौरा करतें रहें। बताते चलें कि 2019 में सपा-बसपा गठबंधन में जौनपुर विधानसभा से बसपा प्रत्याशी बसपा श्याम सिंह यादव 60351 वोटों से जीत दर्ज कराते हुए संसद भवन भेजे गये थे, इनने पीछा करते हुए भारतीय जनता पार्टी के प्रत्याशी कृष्ण कुमार सिंह दूसरे स्थान और कांग्रेस पार्टी के प्रत्याशी देवव्रत मिश्रा तीसरे स्थान पर रहे थे। बसपा के श्रीकला का टिकट कटने के बाद बहुजन समाज पार्टी ने एक बार फिर भरोसा जताते हुए श्याम सिंह यादव को टिकट दिया है। जिससे उनका पूर्ण विश्वास है कि इस बार भी बहुजन समाज पार्टी की जौनपुर लोकसभा सीट निकलेगी। इंडिया गठबंधन से बाबू सिंह कुशवाहा को जौनपुर लोकसभा प्रत्याशी बनाया गया है। जिसमें उन्होंने प्रचार के लिये उन्होने भी दिन रात एक कर दिया था। सपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष पूर्व मुख्यमंत्री अखिलेश यादव मडियाहूँ और नौपेडवा में जनसभा कर चुनावी पारा का अपने पक्ष में करने की तमाम कवायद में जुट गई थी। लेकिन इस समय चुनावी महौल का पता लगा पाना काफी मुस्किल साबित हो रहा है।



