
जौनपुर धारा, मुंगराबादशाहपुर। मोदी सरकार का चुनावी बजट बेहद निराशाजनक व हवा हवाई है। इस बार भी अधिक संसाधन जुटाने के लिए केंद्र की मोदी सरकार ने प्रगतिवादी बजट नीति नहीं अपनाई और उल्टे अधिक धनी व्यक्तियों पर आयकर कुछ कम कर फिर से पूंजी पतियों को बढ़ावा दिया। उक्त बातें पूर्व विधायक डॉ.सुषमा पटेल ने पत्रकार वार्ता में कही। उन्होने कहा कि मोदी सरकार के आए हुए बजट पर चर्चा करते हुए कहीं सरकार का यह बजट पूरी तरह पूंजीपतियों के लिए है। किसान नौजवान और कमजोर वर्गों के लिए इस बजट में कोई प्रावधान नहीं किया गया है। महिलाओं के लिए इस बजट में कोई प्रावधान नहीं है। कर्मचारियों के लिए ओपीएस ओल्ड पेंशन स्कीम के लिए कोई चर्चा नहीं की गई है, इनकम टैक्स में कोई राहत नहीं है, जनता के लिए बहुत सारी छूटे समाप्त कर दी गई है। इस बजट में किसानों के लिए सिंचाई, खाद, बीज इत्यादि के लिए कोई राहत की घोषणा भी नही है। राजकोषीय घाटा इस बजट में 5.9प्रतिशत रखने का लक्ष्य इसमेंं निर्धारित किया गया है। बजट निराशाजनक है या सरकार ने कई बार बजट पेश कर चुकी है, किसान युवा बेरोजगार निगाह लगाए थे कि सरकार इस बार जरूर राहत देगी लेकिन उनके हाथों में निराशा ही लगी है।


