― Advertisement ―

spot_img
Homeअपना जौनपुरहमें अपने जड़ों से जोड़ रही है एनईपी : प्रो.संगीता पवार

हमें अपने जड़ों से जोड़ रही है एनईपी : प्रो.संगीता पवार

  • तकनीकी के साथ विषयगत अध्ययन जरूरी : डॉ.प्रभा जैन

जौनपुर। वीर बहादुर सिंह पूर्वांचल विश्वविद्यालय के आर्यभट्ट सभागार में व्यावसायिक अर्थशास्त्र विभाग द्वारा ‘राष्ट्रीय शिक्षानीति 2025:चुनौतियाँ एवं अवसरÓ विषय पर एक दिवसीय सेमिनार का आयोजन किया गया। मुख्य वक्ता के रूप में उपस्थित प्रो.संगीता पवार (विभागाध्यक्ष, वाणिज्य, मुंबई विश्वविद्यालय) ने कहा कि राष्ट्रीय शिक्षा नीति(एन.ई.पी) 2025 हमें अपनी जड़ों से जोड़ने का कार्य कर रही है। अंग्रेजी शिक्षा प्रणाली ने हमें हमारी जड़ों से दूर किया था, लेकिन एनईपी 2025 के माध्यम से हम पुन: अपनी परंपराओं और मूल्यों की ओर लौट रहे हैं। डॉ.प्रभा जैन ने अपने उद्बोधन में कहा कि यदि भारत को ‘विकसित भारत 2047Ó के लक्ष्य तक पहुँचना है तो विद्यार्थियों को एनईपी 2025 के विजन को आत्मसात करना ही होगा। उन्होंने तकनीकी समझ के साथ विषयगत अध्ययन को आवश्यक बताया। डॉ.जितेंद्र नारायण (उपाध्यक्ष, नेल्सन इंडिया लिमिटेड) ने विद्यार्थियों को वित्तीय साक्षरता की आवश्यकता पर जोर दिया। उन्होंने कहा कि वर्तमान समय में वित्तीय जानकारी के बिना शिक्षा अधूरी है। विद्यार्थियों को जीवन के आरंभ से ही वित्तीय जागरूकता विकसित करनी चाहिए। इस अवसर पर उन्होंने शेयर मार्केट, निवेश प्रक्रिया एवं वित्तीय संकेतकों की समझ पर विस्तार से चर्चा की। सेमिनार की अध्यक्षता कर रहे प्रो.मानस पांडेय ने मुख्य अतिथियों का स्वागत एवं सम्मान करते हुए उनका संक्षिप्त परिचय प्रस्तुत किया। इस अवसर पर प्रो.अविनाश पाथर्डीकर, डॉ.ऋषिकेश, डॉ.अंजनी कुमार मिश्र, डॉ.निशा पांडेय, डॉ.सुशील कुमार, डॉ.राकेश उपाध्याय, दीपांजलि सहित विश्वविद्यालय के अन्य शिक्षक एवं छात्र-छात्राएँ उपस्थित रहे।

Share Now...