- शिक्षा विभाग की बड़ी लापरवाही उजागर
जौनपुर। करंजाकला ब्लॉक के प्राइमरी प्राथमिक विद्यालय हरदीपुर में आज उस समय गंभीर लापरवाही सामने आई, जब निर्वाचन संबंधित कार्य में सहयोग के लिए पहुंचे अधिकारियों को विद्यालय का मुख्य गेट बंद मिला और उस पर ताला लटका हुआ था। आश्चर्यजनक रूप से विद्यालय में प्रधानाध्यापक सहित एक भी कर्मचारी उपस्थित नहीं मिला। निर्वाचन जैसे संवेदनशील और संवैधानिक दायित्व वाले कार्य में सहयोग के स्पष्ट निर्देशों के बावजूद विद्यालय का यूं बंद मिलना शिक्षा विभाग की कार्यप्रणाली पर बड़ा सवाल खड़ा करता है। न तो किसी प्रकार की सूचना चस्पा की गई थी और न ही वैकल्पिक व्यवस्था की गई थी। स्थानीय लोगों का कहना है कि सरकारी विद्यालयों में समय-समय पर अनुशासन और जवाबदेही की बात तो होती है, लेकिन जमीनी हकीकत इससे बिल्कुल उलट नजर आती है। यदि निर्वाचन कार्य में इस तरह की लापरवाही को नजरअंदाज किया गया तो भविष्य में इसका गंभीर असर पड़ सकता है। अब सवाल यह है कि निर्वाचन कार्य में बाधा उत्पन्न करने के इस मामले में जिम्मेदारों पर क्या कार्रवाई होगी? क्या अनुपस्थित स्टाफ से स्पष्टीकरण मांगा जाएगा या मामला दबा दिया जाएगा? प्रशासन और शिक्षा विभाग की भूमिका अब कटघरे में है।



