- किसानों का नम्बर लेखपाल ने किया ब्लॉक
- किसानों को मुआवजा न मिलने का सता रहा है डर
जौनपुर धारा, जलालपुर। क्षेत्र में 15 दिन पहले हुई ओलावृष्टि, बारिश और तेज हवा ने किसानों की फसलों को बर्बाद कर दिया। बर्बाद फसलों का आंकलन करके रिपोर्ट लगाने की जिम्मेदारी हल्का लेखपाल को सौंपी गई है। किसानों का आरोप है कि हल्का लेखपाल गांव में सर्वे के लिए आज तक आए ही नहीं और जब हम लोगों ने उनसे बात करने की कोशिश की तो उन्होंने हम लोगों का नंबर ही ब्लॉक कर दिया है। मामला विकासखंड जलालपुर क्षेत्र के रेहटी (तुल्लापुर) गांव का है। उक्त गांव निवासी प्रमोद यादव, अशोक गिरी, ब्रह्म किशोर दुबे, गनेश दुबे, आनंद यादव आदि ने बताया कि पिछले दिनों हुई ओलावृष्टि और बेमौसम बरसात के साथ तेज हवा ने हम किसानों का कई बीघा गेहूं, सरसों, चना की फसल को बर्बाद कर दिया। हम लोगों की बर्बाद हुई फसलों का मुआवजा देने के लिए सरकार तैयार है परन्तु हल्का लेखपाल विनय पाण्डेय ने आज तक गांव में बर्बाद फसलों का आकलन (सर्वे) करके रिपोर्ट लगाने के लिए आए ही नहीं। जब हम लोगों ने मोबाइल से बात करने की कोशिश की तो उन्होंने हम किसानों का नंबर ही ब्लॉक कर दिया। उक्त गांव के एक किसान आनंद यादव ने बताया कि मोबाइल से किसी तरह हमारी बात हल्का लेखपाल विनय पाण्डेय से हुई और हमने अपनी समस्या के साथ गांव के किसानों की समस्याओं से उनको अवगत कराया तो उन्होंने हमारे साथ दुर्व्यवहार किया। बातचीत का ऑडियो रिकॉर्ड हो गया जो अब सोशल मीडिया पर वायरल भी हो रहा है। बता दें कि सरकार पीड़ित किसानों का दर्द बाँटने के लिए उनकी बर्बाद हुई फसलों का मुआवजा देने के प्रयास में जुटी है परंतु लापरवाह अधिकारियों और कर्मचारियों के कारण अधिकतर किसान ऐसे हैं जिनकी बर्बाद फसलों का आज तक सर्वे करके रिपोर्ट ही नहीं भेजी गई है जिससे किसान काफी परेशान है।


